AD

Breaking News

सुलगता हुसैनाबाद: गैस के लिए 'खून' बहा और 'सुहाग' की निशानी लुटी; आखिर हफ्तों तक क्यों सोया रहा प्रशासन और नगर पंचायत? Hussainabad Palamu news today

हुसैनाबाद प्रशासन 

​हुसैनाबाद (पलामू): इसे सिस्टम की नाकामी कहें या संवेदनहीनता की पराकाष्ठा—हुसैनाबाद में रसोई गैस की किल्लत ने आज एक विकराल रूप ले लिया। महीनों से जारी इस किल्लत की जानकारी RBC चैनल ने ग्राउंड जीरो से कई बार प्रशासन को दी, लेकिन अफसोस! हुसैनाबाद के स्थानीय प्रशासन और नगर पंचायत अध्यक्ष ने तब तक चुप्पी साधे रखी, जब तक कि आज एक महिला का मंगलसूत्र नहीं लुट गया और दूसरी महिला भीषण गर्मी में बेहोश होकर लहूलुहान नहीं हो गई।

​बड़ा सवाल: क्या प्रशासन को 'अनहोनी' का इंतज़ार था?


​पलामू डीसी ने काफी समय पहले ही संबंधित अधिकारियों को जांच और रिपोर्ट के सख्त निर्देश दे रखे थे। इसके बावजूद, स्थानीय अधिकारियों की रहस्यमयी चुप्पी और नगर पंचायत अध्यक्ष की निष्क्रियता पर अब जनता सवाल उठा रही है। जब RBC चैनल और आम जनता हफ्तों से चिल्ला रहे थे, तब प्रशासन ने कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाया? क्या आज की बैठक सिर्फ इन दो बड़ी घटनाओं के दाग धोने के लिए बुलाई गई थी? या बैठक का निर्देश धरातल की तस्वीर बदलेगा या ये दो घटनाओं को ढांपने वाली चादर साबित होगी? 

​आज की दो शर्मनाक घटनाएं: प्रशासन के लिए बड़ा सवाल हैं

रीता देवी 

​सुरक्षा के दावों के बीच लूट: अली नगर तकिया  निवासी रीता देवी सुबह 7 बजे से कतार में थीं। वहां मौजूद सुरक्षा के खोखले दावों के बीच एक उच्चके ने उनके गले से मंगलसूत्र उड़ा लिया। बदहवास महिला ने RBC चैनल को बताया कि पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में यह वारदात हुई।

​भीषण गर्मी और प्रशासनिक लापरवाही: सिमर सोत की एक महिला लाइन में घंटों खड़े रहने के कारण बेहोश होकर गिर पड़ीं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, गिरने से उनका सिर फट गया और वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। उन्हें आनन-फानन में हुसैनाबाद अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया।

​बैठक या महज खानापूर्ति?

​आज नगर पंचायत कार्यालय में एसडीओ गौरांग महतो की अध्यक्षता में बैठक तो हुई, लेकिन जनता का सवाल सीधा है— "जब लोग हफ्तों से परेशान थे, तब यह बैठक क्यों नहीं हुई?" बैठक के मुख्य बिंदु:

​स्वामी इंडेन गैस एजेंसी के मैनेजर को कड़ी फटकार और एक महीने का ऑडिट रिपोर्ट तलब।

​मंगलवार से डोर-टू-डोर (Home Delivery) आपूर्ति का निर्देश।

​कालाबाजारी और अनियमितता पर सीधे FIR की चेतावनी।

​RBC चैनल का तीखा विश्लेषण: चुप्पी और अनदेखी की पराकाष्ठा

​हुसैनाबाद के जनप्रतिनिधियों और प्रशासन की निष्पक्षता पर अब गहरा संदेह है। जब डीसी के स्पष्ट निर्देश थे, तो स्थानीय प्रशासन और नगर अध्यक्ष ने इसे लागू करवाने में रुचि क्यों नहीं दिखाई? क्या एजेंसी की मनमानी को मूक सहमति दी गई थी? आज की बैठक और मंगलवार से शुरू होने वाली होम डिलीवरी कहीं जनता के गुस्से को शांत करने वाली "अल्पकालिक चादर" तो नहीं?

​निष्कर्ष: हुसैनाबाद की जनता अब कोरे आश्वासनों से संतुष्ट नहीं होगी। RBC चैनल यह साफ कर देना चाहता है कि अगर मंगलवार से व्यवस्था पटरी पर नहीं लौटी, तो यह माना जाएगा कि प्रशासन और जनप्रतिनिधि केवल कागजी घोड़े दौड़ा रहे हैं। जनता की सुरक्षा और उनकी मूलभूत सुविधाओं के साथ खिलवाड़ करने का हक किसी को नहीं है।

​#RBCExclusive 

कोई टिप्पणी नहीं